📲 ‘ख़बर बीकानेर’ के WhatsApp ग्रुप से जुड़ें — पल-पल की ताज़ा ख़बरों के लिए!
प्रदर्शन की मुख्य बातें:
- भीषण गर्मी के बीच पानी और बिजली की विकट समस्या पर घेरा प्रशासन।
- पेट्रोल, डीजल और रसोई गैस की मूल्य वृद्धि को वापस लेने की मांग।
- नीट (NEET) पेपर लीक पर शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की गूँज।
- शहर जिला कांग्रेस ए और बी ब्लॉक के पदाधिकारियों ने दिखाई एकजुटता।
- ज्ञापन के माध्यम से राष्ट्रपति और राज्यपाल से हस्तक्षेप की अपील।
बिजली-पानी पर ‘महा-संग्राम’ की चेतावनी
बीकानेर। जिले में बढ़ते तापमान और प्रशासनिक उदासीनता के खिलाफ कांग्रेस पार्टी ने आज सड़कों पर उतरकर अपना आक्रोश व्यक्त किया। ग़ौरतलब है कि पूर्व विधानसभा प्रत्याशी यशपाल गहलोत ने प्रदर्शनकारियों को संबोधित करते हुए कहा कि 50 डिग्री के करीब पहुँचते पारे के बीच शहर की जनता बूंद-बूंद पानी और बिजली के लिए त्राहि-त्राहि कर रही है। गहलोत ने चेतावनी दी कि यदि समय रहते व्यवस्थाओं में सुधार नहीं हुआ, तो कांग्रेस पार्टी बीकानेर की गलियों में उग्र जन-आंदोलन करने पर मजबूर होगी।




ब्लॉक अध्यक्ष आनंद सिंह सोढा और शहजाद खान भुट्टा ने केंद्र सरकार की नीतियों पर तीखे प्रहार किए। उन्होंने कहा कि पेट्रोल-डीजल की महंगाई ने आम जनता की कमर तोड़ दी है, जिसका सीधा असर खाद्य वस्तुओं की कीमतों पर पड़ रहा है। वहीं, नीट (NEET) पेपर लीक को लेकर उन्होंने शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग उठाई। इस दौरान प्रवक्ता अब्दुल रहमान लोदरा सहित सरदार अमरजीत सिंह, जोगेंद्र जोइया और अन्य पार्षदों ने प्रशासन को जमकर कोसा।
🎥 देखें विशेष कवरेज (VIDEO)
प्रदर्शन में शब्बीर अहमद, जयदीप सिंह जावा, अब्दुल सतार, पंकज स्वामी, मनोज जनागल और फ़िरोज़ भाटी सहित दर्जनों वरिष्ठ नेता और सैकड़ों कार्यकर्ता शामिल हुए। अंत में, उपखंड अधिकारी को राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपकर अविलंब समाधान की मांग की गई। कांग्रेस ने स्पष्ट किया है कि यह लड़ाई केवल ज्ञापन तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि धरातल पर भी लड़ी जाएगी।
✅ अभी क्लिक करें और ‘ख़बर बीकानेर’ WhatsApp ग्रुप जॉइन करें!