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कार्रवाई की मुख्य बातें:
- औषधि नियंत्रण विभाग ने बीकानेर के 6 मेडिकल स्टोर्स के लाइसेंस किए सस्पेंड।
- नियमों की अनदेखी और रिकॉर्ड में खामियां मिलने पर प्रशासन ने अपनाया कड़ा रुख।
- श्रीडूंगरगढ़, शेरूणा और जवाहर नगर जैसे क्षेत्रों की दुकानें कार्यवाही की चपेट में।
- निलंबन की अवधि 4 दिन से लेकर अधिकतम 10 दिनों तक निर्धारित की गई है।
- सहायक औषधि नियंत्रक ने स्पष्ट किया—जनस्वास्थ्य से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं होगा।
औषधि विभाग की ‘सर्जिकल स्ट्राइक’: तस्करों और लापरवाहों में खौफ
बीकानेर। जिले में दवाओं की शुद्धता और बिक्री की पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए औषधि नियंत्रण विभाग पूरी तरह सक्रिय है। ग़ौरतलब है कि अनुज्ञापन प्राधिकारी एवं सहायक औषधि नियंत्रक देवेंद्र कुमार केदावत के नेतृत्व में एक विशेष टीम ने जिले के विभिन्न क्षेत्रों का दौरा कर मेडिकल स्टोर्स की समीक्षा की। इस दौरान कई दुकानों पर दवाओं के रखरखाव, स्टॉक रजिस्टर के मिलान और फार्मासिस्ट की उपस्थिति को लेकर गंभीर खामियां पाई गईं। ड्रग्स एंड कॉस्मेटिक्स एक्ट के प्रावधानों का उल्लंघन पाए जाने पर विभाग ने सख्त रुख अपनाते हुए छह दुकानों के बिक्री अनुज्ञापत्र (लाइसेंस) को अलग-अलग अवधि के लिए निलंबित कर दिया है।
निलंबन की सूची: किस दुकान पर कब तक लगा ताला?
विभाग द्वारा जारी आदेशों के अनुसार, जिन मेडिकल स्टोर्स पर कार्यवाही की गई है, उनका विवरण इस प्रकार है:
- मैसर्स हरिओम मेडिकल एण्ड जनरल स्टोर (लिखमीदेसर, श्रीडूंगरगढ़) — 17 से 20 अगस्त तक।
- मैसर्स श्री भवानी मेडिकल एण्ड जनरल स्टोर (वैल आड़सर) — 17 से 20 अगस्त तक।
- मैसर्स श्रीकृष्णा मेडिकल एण्ड जनरल स्टोर (शेरूणा) — 17 से 21 अगस्त तक।
- मैसर्स तुलसी मेडिकल एण्ड जनरल स्टोर (कितासर) — 24 से 28 अगस्त तक।
- मैसर्स अंजनी फार्मा (जवाहर नगर, बीकानेर) — 17 से 23 अगस्त तक।
- मैसर्स एस.के. हैल्थ केयर (भादू बास, शेरूणा) — 17 से 26 अगस्त तक।
इस कार्यवाही के बाद जिले के दवा विक्रेताओं में हड़कंप मच गया है। प्रशासन की ओर से की गई इस पडताल का मुख्य उद्देश्य आमजन को मानक और सुरक्षित दवाएं उपलब्ध कराना है। सहायक औषधि नियंत्रक ने स्पष्ट किया है कि भविष्य में भी ऐसे औचक निरीक्षण जारी रहेंगे और यदि किसी भी स्टोर पर अनियमितता या बिना पर्चे के दवाओं की बिक्री पाई गई, तो उनके लाइसेंस स्थायी रूप से रद्द करने की अनुशंसा भी की जा सकती है।
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रिपोर्ट: विशेष संवाददाता, बीकानेर