📅 शनिवार सुबह
📍 बीछवाल, बीकानेर
📢 इमरजेंसी अलर्ट
📌 मॉक ड्रिल के मुख्य बिंदु
- ▶ समय: सुबह 9:02 बजे सायरन बजते ही मॉक ड्रिल की शुरुआत हुई।
- ▶ स्थान: बीछवाल स्थित इंडियन ऑयल बॉटलिंग प्लांट।
- ▶ दृश्य: एयर स्ट्राइक के बाद प्लांट में बम धमाके और आग लगने की स्थिति बनाई गई।
- ▶ उद्देश्य: आपदा के समय संसाधनों और त्वरित प्रतिक्रिया (Response Time) का परीक्षण।
बीकानेर। शहर में शनिवार सुबह आपदा प्रबंधन और आपातकालीन तैयारियों को परखने के लिए एक बड़ी मॉक ड्रिल आयोजित की गई। जैसे ही सुबह 9:02 बजे सायरन बजा, शहर में अचानक हलचल तेज हो गई। एयर स्ट्राइक की काल्पनिक सूचना के साथ ही प्रशासन, पुलिस, फायर ब्रिगेड और स्वास्थ्य विभाग को सक्रिय किया गया।
मॉक ड्रिल का केंद्र बीछवाल स्थित इंडियन ऑयल का बॉटलिंग प्लांट रहा। यहाँ एयर स्ट्राइक के बाद भीषण आग लगने की काल्पनिक स्थिति पैदा की गई। सूचना मिलते ही बीछवाल और मुरलीधर व्यास नगर स्थित फायर स्टेशनों से दमकल की गाड़ियां तेजी से श्रीगंगानगर रोड की ओर रवाना हुईं। अंबेडकर सर्किल तक सायरन की आवाज सुनाई दी, जिससे एक बार तो आम नागरिक भी हैरत में पड़ गए।
🏥 PBM अस्पताल भी रहा हाई अलर्ट पर:
मॉक ड्रिल के दौरान पीबीएम अस्पताल को भी अलर्ट किया गया। काल्पनिक रूप से ‘घायल’ हुए लोगों को अस्पताल पहुँचाने और उनके त्वरित उपचार की प्रक्रिया का बारीकी से अभ्यास किया गया। प्रशासनिक अधिकारियों ने मौके पर पहुँचकर दमकल और राहत दलों के ‘रिस्पॉन्स टाइम’ को रिकॉर्ड किया।
क्यों जरूरी थी यह मॉक ड्रिल?
हाल ही में पचपदरा रिफाइनरी में हुई आग की घटना के बाद औद्योगिक सुरक्षा और आपदा प्रबंधन को लेकर संवेदनशीलता बढ़ गई है। बीकानेर प्रशासन इस अभ्यास के जरिए यह सुनिश्चित करना चाहता था कि यदि कभी वास्तविक आपदा आए, तो विभिन्न विभागों के बीच तालमेल कैसा रहेगा और संसाधनों का उपयोग कितनी जल्दी किया जा सकेगा।
बीकानेर की हर खबर और प्रशासनिक अपडेट सीधे अपने व्हाट्सएप पर पाने के लिए👇
⚠️ जनहित सूचना / Disclaimer
यह एक ‘मॉक ड्रिल’ (कृत्रिम अभ्यास) थी। शहर में किसी भी प्रकार की वास्तविक एयर स्ट्राइक या बम धमाका नहीं हुआ है। इसका उद्देश्य केवल सुरक्षा व्यवस्थाओं का परीक्षण करना था। ‘ख़बर बीकानेर’ नागरिकों से अपील करता है कि अफवाहों पर ध्यान न दें।
#MockDrill
#IndianOil
#BikanerAdministration
#ख़बर_बीकानेर
© ख़बर बीकानेर | न्यूज़ डेस्क